Bihar Teacher Vacancy 2025: सीएम नीतीश का बड़ा ऐलान, शिक्षक भर्ती में बिहार के अभ्यर्थियों को प्राथमिकता – डोमिसाइल नीति लागू
पटना | Bihar Teacher News:
बिहार में शिक्षक बनने का सपना देख रहे युवाओं के लिए बड़ी खुशखबरी है। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार (CM Nitish Kumar) ने शिक्षक भर्ती परीक्षा (Bihar Teacher Vacancy) में अब बिहार के निवासियों को प्राथमिकता देने का ऐलान किया है। यह डोमिसाइल नीति (Bihar Domicile Policy) आगामी चौथी शिक्षक भर्ती परीक्षा (TRE-4) से ही लागू होगी।
छात्रों के आंदोलन के बाद आया बड़ा फैसला
1 अगस्त को छात्र नेता दिलीप कुमार के नेतृत्व में सैकड़ों अभ्यर्थी पटना की सड़कों पर उतर आए थे। ये छात्र तिरंगा लेकर सीएम आवास की ओर मार्च कर रहे थे और डोमिसाइल नीति लागू करने की मांग कर रहे थे।
पुलिस ने जेपी गोलंबर पर बैरिकेडिंग कर छात्रों को रोका, लेकिन अभ्यर्थियों की नारेबाजी और विरोध से सरकार पर दबाव बढ़ा।
सीएम नीतीश कुमार का बयान
फैसले के बाद सीएम नीतीश कुमार ने सोशल मीडिया पर कहा:
“नवंबर 2005 से हम लगातार शिक्षा व्यवस्था को मजबूत करने के लिए काम कर रहे हैं। बड़ी संख्या में शिक्षकों की नियुक्ति की गई है। अब शिक्षक भर्ती में बिहार के अभ्यर्थियों को प्राथमिकता देने के लिए शिक्षा विभाग को नियम में संशोधन करने का निर्देश दिया गया है।”
क्या होगा बदलाव?
- TRE-4 (2025) से डोमिसाइल नीति लागू होगी।
- TRE-5 (2026) से पहले STET परीक्षा (Bihar STET 2026) आयोजित की जाएगी।
- शिक्षा विभाग को आवश्यक नियम संशोधन का आदेश दिया गया है।
क्यों थी डोमिसाइल नीति की मांग?
अभ्यर्थियों का कहना है कि अन्य राज्यों में पहले से डोमिसाइल लागू है, जिससे स्थानीय छात्रों को लाभ मिलता है।
- बाहर के राज्यों में परीक्षा प्रक्रिया और सिलेबस ऐसा बनाया जाता है जिससे स्थानीय छात्रों को ज्यादा फायदा होता है।
- बिहार के छात्रों को नौकरी पाने में नुकसान उठाना पड़ता है।
चुनावी मौसम में मास्टर स्ट्रोक?
विशेषज्ञ मानते हैं कि नीतीश कुमार का यह फैसला न सिर्फ शिक्षा क्षेत्र बल्कि राजनीति पर भी असर डालेगा।
युवा वोट बैंक को साधने की दिशा में इसे बड़ा चुनावी कदम माना जा रहा है।
